गड़ई नदी के नाले की खुदाई को लेकर जताई आपत्ति, जमीन व दुकानें न उजाड़ने की मांग,
रिपोर्ट मनोज सिंह, चंदौली। कलेक्ट्रेट में गुरुवार को किसानों और दुकानदारों का प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग से मिला और सात सूत्रीय मांग पत्र सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने चकिया–मुगलसराय मार्ग स्थित पांडेयपुर बाजार में प्रस्तावित नाला निर्माण को लेकर आपत्ति जताई।
प्रतिनिधियों ने बताया कि सड़क चौड़ीकरण के कारण गड़ई नदी का पानी पांडेयपुर से नियामताबाद (सिरसी) मिसिर के माटी तक लगभग डेढ़ किलोमीटर तक बहता है, जो लोक निर्माण विभाग की जमीन पर स्थित है। उनका कहना है कि यदि विभाग द्वारा उक्त हिस्से को पाट दिया गया तो जल निकासी पूरी तरह बंद हो जाएगी।
आरोप लगाया कि सिंचाई विभाग गड़ई नदी से जुड़े चार मुख्य एवं सहायक नालों की सफाई और खुदाई कराने के बजाय पांडेयपुर से नियामताबाद (सिरसी) मिसिर के माटी तक करीब डेढ़ किलोमीटर लंबा और 17 मीटर चौड़ा नया नाला बनाने की योजना बना रहा है। इससे छोटे दुकानदारों को उजड़ना पड़ेगा और किसानों की कीमती जमीन प्रभावित होगी।
प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि किसानों और दुकानदारों की जमीन व दुकानों को नुकसान पहुंचाए बिना गड़ई नदी के सहायक नालों की तत्काल खुदाई कर जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
इस अवसर पर गणेश प्रसाद बिंद, गुलाब चंद, अजय गुप्ता, सूरज बिंद, मुन्ना पासवान, हरिलाल बिंद, रामलाल शर्मा, राधेश्याम बिंद, गोविंद बिंद सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

