सड़क पर गिरी मिट्टी और बारिश से बिगड़े हालात, जिम्मेदारों की अनदेखी पर लोगों में आक्रोश
शहाबगंज/चंदौली।
जनपद के व्यस्ततम मार्गों में शामिल चकिया-चंदौली रोड इन दिनों राहगीरों के लिए मुसीबत बनता जा रहा है। करनौल चौराहे के पास कई दिनों से सड़क पर गिरी मिट्टी के कारण हल्की बरसात होते ही फिसलन की स्थिति उत्पन्न हो गई है, जिससे दुर्घटना का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। गुरुवार को हुई हल्की बारिश ने इस समस्या को और गंभीर बना दिया, जिसके चलते बाइक सवारों और अन्य वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
यह मार्ग चकिया, शहाबगंज से जिला मुख्यालय व चकिया को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है। रोजाना इस सड़क से सैकड़ों की संख्या में दोपहिया, चारपहिया और भारी वाहन गुजरते हैं। लेकिन सड़क पर जगह-जगह फैली मिट्टी ने पूरे मार्ग को जोखिम भरा बना दिया है। वाहन चालक अपनी जान जोखिम में डालकर इस रास्ते से गुजरने को मजबूर हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, करनौल चौराहे के पास स्थिति सबसे अधिक खराब है। यहां मिट्टी की मोटी परत सड़क पर जम गई है, जो बारिश के बाद कीचड़ में तब्दील हो जाती है। ऐसे में बाइक सवारों का संतुलन बिगड़ना आम बात हो गई है। कई लोग फिसलते-फिसलते बचे हैं, जबकि कुछ छोटे-मोटे हादसे भी हो चुके हैं, हालांकि अभी तक किसी बड़े हादसे की सूचना नहीं है।
राहगीरों का कहना है कि सुबह और शाम के समय, जब ट्रैफिक अधिक रहता है, तब स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है। स्कूली बच्चे, कर्मचारी और व्यापारियों को इस रास्ते से गुजरते समय विशेष सतर्कता बरतनी पड़ती है। इसके बावजूद दुर्घटना की आशंका हर समय बनी रहती है।

स्थानीय लोगों ने इस समस्या के लिए मिट्टी लदे ट्रैक्टरों व भारत माला परियोजना मे लगे ट्रकों को जिम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि क्षेत्र में लगातार मिट्टी ढोने का कार्य किया जा रहा है, जिससे ट्रैक्टरों व ट्रकों से गिरकर सड़क पर मिट्टी जमा हो जाती है। हैरानी की बात यह है कि इस ओर जिम्मेदार विभाग कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा है। न तो नियमित सफाई की व्यवस्था है और न ही इस तरह के वाहनों पर कोई निगरानी। लोगों का यह भी कहना है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। कई स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क की तत्काल सफाई कराई जाए और मिट्टी गिराने वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति न बने।
इस संबंध में लोक निर्माण विभाग के अवर अभियंता सुनील ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने कहा कि संबंधित ग्राम प्रधान को सड़क पर गिरी मिट्टी हटवाने के निर्देश दिए गए हैं और जल्द ही समस्या का समाधान कराने का प्रयास किया जाएगा। हालांकि, लोगों का कहना है कि केवल निर्देश देने से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि इसकी नियमित निगरानी और सख्त कार्रवाई जरूरी है। जब तक जिम्मेदार अधिकारी स्वयं इस पर ध्यान नहीं देंगे, तब तक हालात में सुधार की उम्मीद कम ही है। फिलहाल, चकिया-चंदौली मार्ग पर करनौल चौराहे के पास की स्थिति राहगीरों के लिए खतरे की घंटी बनी हुई है। जरूरत इस बात की है कि प्रशासन जल्द से जल्द सक्रियता दिखाए और इस समस्या का स्थायी समाधान निकाले, ताकि लोगों की जान जोखिम में न पड़े और आवागमन सुचारु रूप से जारी रह सके।




