बलुआ पुलिस व साइबर सेल की संयुक्त टीम ने किया गिरफ्तार
चन्दौली।थाना बलुआ पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने यूपीआई के माध्यम से लाखों रुपये की साइबर ठगी करने वाले एक अभियुक्त को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।आरोपी ने विदेश में रह रहे खाताधारक के बैंक खाते से फर्जी तरीके से मोबाइल नंबर जोड़कर युपीआइ आईडी एवं पिन तैयार किया और करीब 2.76 लाख रुपया की धोखाधड़ी कर डाली।पुलिस ने आरोपी को मुगलसराय क्षेत्र के सकलडीहा टैक्सी स्टैंड के पास से शनिवार को गिरफ्तार कर लिया है।जानकारी के अनुसार थाना बलुआ क्षेत्र के ग्राम पुरवां नादी निवासी दिनेश निषाद ने पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि वह वर्ष 2021 में दुबई चले गए थे। अप्रैल 2026 में वापस भारत लौटने पर जब वह यूनियन बैंक ऑफ इंडिया शाखा रामगढ़ में केवाईसी अपडेट कराने पहुंचे तो पता चला कि उनके बैंक खाते में किसी अन्य मोबाइल नंबर को जोड़कर फर्जी युपीआइ बनाया गया था।आरोपी ने अलग-अलग तिथियों में खाते से कुल 2,76,362.50 रुपये निकाल लिए थे। जबकि पीड़ित ने कभी भी युपीआई सेवा के लिए एटीएम अथवा अन्य जानकारी उपलब्ध नहीं कराई थी।मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना बलुआ पर विभिन्न धाराओं सहित आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में थानाध्यक्ष साइबर सेल प्रभारी मिर्जा रिजवान बेग के नेतृत्व में गठित टीम ने जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने जौनपुर जनपद के सुजानगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत रायपुरकला गांव निवासी विशाल पटेल (24 वर्ष) को गिरफ्तार किया।पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने नवंबर 2025 में अपने नाम से एक सिम लिया था और उसी मोबाइल नंबर से फर्जी तरीके से फोन-पे आई डी बनाकर पिन तैयार किया। पहले उसने परीक्षण के तौर पर खाते में एक-एक रुपये ट्रांसफर कर सिस्टम को चेक किया।सफलता मिलने के बाद उसने अलग-अलग खातों के माध्यम से रकम निकालनी शुरू कर दी।
अभियुक्त ने यह भी स्वीकार किया कि धोखाधड़ी से प्राप्त धनराशि से उसने मकान निर्माण कराया तथा घरेलू सामान खरीदे।पुलिस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई में जुटी हुई है।गिरफ्तारी करने वाली टीम में साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक मिर्जा रिजवान बेग,निरीक्षक सलिल स्वरूप आदर्श, उपनिरीक्षक जमीलुद्दीन खान,उपनिरीक्षक अभिषेक शुक्ला,हेड कांस्टेबल पवन कुमार तथा कांस्टेबल मनोज चौहान शामिल रहे।




