किसानों व बिजली उपभोक्ताओं से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील
चकिया / चंदौली! बिजली विभाग के निजीकरण, प्रीपेड स्मार्ट मीटर व्यवस्था तथा बढ़े हुए विद्युत शुल्क के विरोध में आगामी 1 जून को चकिया विद्युत पावर हाउस पर प्रदर्शन किया जाएगा। यह प्रदर्शन भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) और उत्तर प्रदेश किसान सभा के प्रदेशव्यापी आह्वान के तहत आयोजित किया जा रहा है।
यह जानकारी किसान सभा के जिला मंत्री लालचंद्र सिंह एडवोकेट ने देते हुए बताया कि प्रदेशभर में बिजली उपभोक्ताओं और किसानों की समस्याओं को लेकर आंदोलन चलाया जा रहा है। इसी क्रम में चकिया में भी धरना-प्रदर्शन कर सरकार और बिजली विभाग के समक्ष विभिन्न मांगें उठाई जाएंगी।
उन्होंने कहा कि बिजली विभाग के निजीकरण की प्रक्रिया आम उपभोक्ताओं और किसानों के हितों के खिलाफ है। साथ ही प्रीपेड स्मार्ट मीटर व्यवस्था से उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ने की आशंका है। किसान सभा ने हाल ही में बढ़ाए गए 10 प्रतिशत सरचार्ज को तत्काल वापस लेने, सभी उपभोक्ताओं को 300 यूनिट मुफ्त बिजली उपलब्ध कराने तथा बिजली विभाग में लंबे समय से रिक्त पड़े पदों को शीघ्र भरने की मांग की है।
जिला मंत्री ने कहा कि बिजली से जुड़ी समस्याओं का सीधा असर किसानों, मजदूरों और आम जनता पर पड़ रहा है। ऐसे में सभी बिजली उपभोक्ताओं, किसानों और जनसंगठनों को एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करनी चाहिए। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से 1 जून को चकिया पावर हाउस पहुंचकर प्रदर्शन में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की है, ताकि उनकी मांगों को प्रभावी ढंग से सरकार तक पहुंचाया जा सके।




