शिक्षकों ने रखा दो मिनट का मौन
चकिया (चंदौली)। विकासखंड चकिया स्थित ब्लॉक संसाधन केंद्र (बीआरसी) परिसर में गुरुवार को दिवंगत शिक्षक नेता कैलाश प्रसाद की स्मृति में शोक सभा आयोजित की गई। सभा में शिक्षकों एवं शिक्षा विभाग से जुड़े लोगों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
बताया गया कि शिक्षक नेता कैलाश प्रसाद का 21 जुलाई 2026 की रात लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया था। उनके निधन की सूचना मिलते ही पूरे जनपद के शिक्षक समाज में शोक की लहर दौड़ गई। बुधवार को वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया था।

इसी क्रम में गुरुवार को बीआरसी चकिया में आयोजित शोक सभा में उपस्थित शिक्षकों ने पांच बार महामृत्युंजय मंत्र का जाप किया तथा दिवंगत आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान शिक्षकों ने कैलाश प्रसाद के व्यक्तित्व एवं कृतित्व को याद करते हुए कहा कि वे ईमानदार, कर्तव्यनिष्ठ, संघर्षशील और शिक्षकों के हितों के लिए सदैव समर्पित रहने वाले नेता थे। उनके जाने से न केवल विकासखंड चकिया बल्कि पूरे जिले के शिक्षक समाज को अपूरणीय क्षति हुई है।
वक्ताओं ने कहा कि कैलाश प्रसाद ने अपने कार्यकाल में शिक्षक हितों की रक्षा के लिए अनेक महत्वपूर्ण कार्य किए। उनका सरल स्वभाव, नेतृत्व क्षमता और सहयोग की भावना हमेशा शिक्षकों के बीच याद की जाएगी। उनके व्यक्तित्व की कमी लंबे समय तक महसूस की जाती रहेगी।
शोक सभा में सदानंद दुबे, महेंद्र मौर्य, ओमप्रकाश भारती, नरेंद्र यादव, भूपेंद्र यादव, विवेक सिंह, राजेश यादव, इमरान अली, रीता पांडेय, अतुल श्रीवास्तव, विकास यादव, कुंवर कलाधर, जयप्रकाश भारती, गंगाधर गोपाल, चंद्र प्रकाश गांधी, अंकित पटेल, सुनील पटेल, काशीनाथ, शशि किरण, ऋषि यादव, आनंद यादव, राजीव पटेल, वीरेंद्र मोहन सिंह, रामदीलास, माया प्रसाद, विनय सिंह, दिवाकर यादव, संजय यादव, दीपक जगराना, प्रदीप जैसल, राहुल गुप्ता, पूर्व खंड शिक्षा अधिकारी दयाराम यादव, चंद्रशेखर आजाद, प्रकाश चंद्र, सुरेंद्र प्रताप सहाय सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं शिक्षा विभाग से जुड़े लोगों ने अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शोक संवेदना व्यक्त की।




