स्वर्गीय रामनरेश सिंह और रामसुधार सिंह की स्मृति में स्थापित हुईं प्रतिमाएं, ग्रामीणों ने श्रद्धासुमन अर्पित कर किया नमन
शहाबगंज (चंदौली)। करनौल गांव में बुधवार को श्रद्धा और सम्मान का माहौल रहा। गांव के प्रतिष्ठित सगे भाइयों स्वर्गीय रामनरेश सिंह और स्वर्गीय रामसुधार सिंह की स्मृति में स्थापित प्रतिमाओं का क्षेत्रीय विधायक कैलाश आचार्य ने अनावरण किया। इस दौरान ग्रामीणों और उपस्थित लोगों ने दोनों दिवंगत विभूतियों को श्रद्धासुमन अर्पित कर नमन किया। प्रतिमाओं की स्थापना को ग्रामीणों ने अपने पूर्वजों की स्मृतियों को संजोने और उनके योगदान को याद रखने की महत्वपूर्ण पहल बताया।
प्रतिमा अनावरण के अवसर पर विधायक कैलाश आचार्य ने कहा कि समाज में अपने कर्मों, विचारों और व्यवहार से विशिष्ट पहचान बनाने वाले लोगों को हमेशा याद किया जाता है। ऐसे लोगों का जीवन और उनके आदर्श आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत होते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिमाएं केवल स्मृति का प्रतीक नहीं होतीं, बल्कि नई पीढ़ी को अपने पूर्वजों के जीवन, विचारों और सामाजिक योगदान से परिचित कराने का माध्यम भी बनती हैं। अपने पूर्वजों और समाज के लिए योगदान देने वाली विभूतियों का सम्मान करना हम सभी का दायित्व है। उनके आदर्शों को जीवन में अपनाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
शिक्षा और सेवा के क्षेत्र से जुड़ा है परिवार
स्वर्गीय रामनरेश सिंह का परिवार शिक्षा और सेवा के क्षेत्र से जुड़ा रहा है। उनके बड़े पुत्र सुरेंद्र प्रताप सिंह कोलकाता में प्रवक्ता के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं। वहीं, दूसरे पुत्र कमलेश सिंह उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव फेडरेशन लिमिटेड में रीजनल मैनेजर के पद पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं।
इसी प्रकार, स्वर्गीय रामसुधार सिंह के इकलौते पुत्र मंगला सिंह दैनिक जागरण समाचार पत्र में कार्यरत हैं। दोनों भाइयों की स्मृति में गांव में प्रतिमाएं स्थापित किए जाने से परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों में खुशी रही। इस पहल के माध्यम से दिवंगत भाइयों की यादों को स्थायी रूप से संजोने का प्रयास किया गया है।
ग्रामीणों ने जताई खुशी, बताया प्रेरणादायी पहल
प्रतिमाओं के अनावरण के बाद ग्रामीणों ने दोनों दिवंगत विभूतियों को श्रद्धापूर्वक याद किया। ग्रामीणों का कहना था कि गांव में प्रतिमाएं स्थापित होने से उनकी स्मृतियां आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचेंगी। साथ ही, नई पीढ़ी को अपने पूर्वजों के जीवन और आदर्शों से प्रेरणा लेने का अवसर मिलेगा। कार्यक्रम के दौरान श्रद्धा, सम्मान और आपसी सौहार्द का वातावरण बना रहा।
इस अवसर पर राघवेंद्र सिंह, डॉ. गायत्री सिंह, राजन सिंह, त्रिभुवन नारायण सिंह, रामप्रताप सिंह, विजय बहादुर सिंह, सुनील सिंह मुखिया, अजय सिंह सपना सहित अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे।




